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मोटापा कैसे कम करें? कारण, लक्षण और बचाव

मोटापा (Obesity)वो स्थिति होती है, जब अत्यधिक शारीरिक वसा शरीर पर इस सीमा तक एकत्रित हो जाती है कि वो स्वास्थ्य पर हानिकारक प्रभाव डालने लगती है।यह आयु संभावना को भी घटा सकता है। आइये जानते हे मोटापा कैसे कम करें.
बी.एम.आई, मानव भार और लंबाई का अनुपात होता है, जब यह 18.5 से कम होता है तो भार काम होता है और 18.5 से 24.9 तक होता है तो सामान्य भार, 25 से 29.9 अधिक भार और 30 से ज्यादा हो तो मोटापे की श्रेणी में आता है।
मोटापा बहुत से रोगों से जुड़ा हुआ है, जैसे हृदय रोग, मधुमेह, निद्रा कालीन श्वास( खर्राटें), कई प्रकार के कैंसरऔर मोटापे का प्रमुख कारण अत्यधिक कैलोरीवाले खाद्य पदार्थों का सेवन, शारीरिक गतिविधियों का अभाव, आनुवांशिकी का मिश्रण हो सकता है। हालांकि ऐसा होता बहुत कम ही है।
वैसे तो मोटापे के बहुत से कारण हो सकते हैं लेकिन जो मुख्य हैं वो इस तरह हैं:-
– मोटापा ऊर्जा के सेवन और ऊर्जा के उपयोग के बीच असंतुलन के कारण होता है।अधिक चर्बीयुक्त आहार का सेवन करना भी मोटापे का कारण है।
– कम व्यायाम करना और स्थिर जीवन-यापन मोटापे का प्रमुख कारण है। सब कुछ बैठे बैठे ही होता है इसलिये शारीरिक गतिविधियां जैसे बंद ही हो चुकी हैं।
– असंतुलित व्यवहार औऱ मानसिक तनाव की वजह से भी लोग ज्यादा भोजन करने लगते हैं, जो मोटापे का कारण बनता है।
– शारीरिक क्रियाओं के सही ढंग से नहीं होने पर भी शरीर में चर्बी जमा होने लगती है।
मोटापा शारीरिक ही नहीं अपितु मानसिक स्तर पर भी कई तरह के परिवर्तन लाता है। जिस वजह से कई तरह के लक्षण दिखते हैं लेकिन हम उन्हें नजरअंदाज करते हैं और ना कोई चिकित्सक की सलाह ही लेते हैं। और यही छोटे छोटे लक्षण आगे चलकर कई तरह की बीमारियों का रूप ले लेते हैं और परेशानी का सबब बनते हैं। कौन कौन से लक्षण हैं जिन्हें नजर अंदाज करना हमारे लिए परेशानी भरा हो सकता है ;-
1. बार-बार साँस फूलने की समस्या का होना मोटापे का लक्षण है जो कई कारणों से हो सकता है और कई रोगों का कारण बनता है।
2. अचानक से बार-बार और अधिक मात्रा में पसीना आना।
3.  आमतौर पर मोटापे से बेहाल लोगों को नींद में बहुत खर्राटें आते हैं, मोटापा बढ़ने के साथ-साथ यह समस्या और भी बढ़ती जाती है।
4. सामान्य रूप से कोई भी शारीरिक गतिविधि करने में असमर्थ होते जाने का संबध भी मोटापे से है और ये मोटापे का सबसे प्रमुख्य लक्षण भी हैं।
5. आमतौर पर बिना किसी अतिरिक्त कार्यभार के लगातार थकान का अनुभव करना भी मोटापे का ही एक लक्षण है।
6. मोटापे की समस्या से ग्रसित लोगों में पीठ और जोड़ों का दर्द सामान्य रूप से देखा जा सकता है।
7. शारीरिक समस्याओं के कारण किसी भी काम को करने की क्षमता में कमी आ जाती है और स्वयं पर विश्वास भी नहीं होता जिसके चलते आत्मसम्मान में भी कमी आ जाती है।
8. शारीरिक परिवर्तनों के चलते लोग स्वयं को सबसे अलग और एकाकी महसूस करते हैं।
 मोटापे का एक बड़ा कारण आलस्य भी होता है। सारा दिन आराम से रहने के चक्कर में हम कई तरह के रोगों को न्योता खुद ही देते हैं।
 मोटापे से बचाव ही एक इलाज़ है जो आपको स्वस्थ शरीर प्रदान कर सकता है। इसके लिए आपको अपनी दिनचर्या को बदलना पड़ेगा। स्वयं को समय दें। व्यायाम करें। आहार संतुलित करें। कौन कौन से व्यायाम हैं जो आपको वजन घटा कर आपको संतुलित जीवन दे सकते हैं, जानते हैं:-
त्रिकोणासन,कोणासन,पशुविश्रामासन,उत्तानपादासन,अर्धहलासन,पादव्रित्तासन,पवनमुक्तासन,द्विचक्रिकासन,सीधा नौकासनउल्टा नौकासन (पेट पे लैट के करनेवाला आसन स्रिया ना करे),सूर्य नमस्कार।। ये हैं कुछ योगासन जो मोटापे को कम करने में मदद करते हैं, इसके अलावा कुछ इन बातों का भी रखें ध्यान;-
– सुबह या शाम कम से कम तीन किलोमीटर तेज चलें। इसके अलावा दौड़ लगाना, तैरना, खेलना, साइकिल चलाना भी लाभदायक होता है।
– योगाभ्यास सर्वोत्तम उपाय इसलिए माना जाता है क्योंकि इससे मन-मस्तिष्क दोनों स्वस्थ रहते हैं। कपालभाति प्रपायाम 15 मिनट करना चाहिये।
– योगासन के साथ-साथ भोजन का ध्यान रखना भीजरूरी है। हरी पत्तेदार सब्जी-भाजी, मौसमी फल तथा फलों के रस का सेवन उपयोगी रहता है। भोजन में सलाद, सूप, छाछ, दही यदि लिया जाए व भोजनोपरांत पपीता, अमरुद और फलों का रस (आम रस नहीं) लिया जाए तो पाचन में सहयोग मिलता है।
– भूख लगने पर ही भोजन करें और भूख से थोड़ा कम खाना खाएँ। पानी अधिक पीएँ।
–  नमक, मीठा, घी, तेल का उपयोग कम से कम करें।
– भोजन के बाद वज्रासन में पाँच-दस मिनट बैठने से पाचन क्रिया ठीक होती है।
– योगासन के समय मन व साँस को आसन व क्रियाओं के साथ रखना चाहिए।
किसी भी तरह के योगासन करने से पहले किसी योग शिक्षक से पूरी जानकारीअवश्य लें। घर पर करने से लाभ मिलेगा मगर आपका तरीका सही होना चाहिये वरना लाभ के बजाय आप अपना नुकसान कर बैठेंगे। बस थोड़ा सा दिनचर्या में परिवर्तन और खान पान पर ध्यान देंगे तो मोटापे से छुटकारा मिल जाएगा।

About the author

Nisha Shekhawat Adhikari

B.sc.(math)
MBA( HR & marketing)
She has participated in various functions as a speaker.
Content or blog writer by passion. She had written few blogs in DNA newspaper Jaipur and Some articles for college magazines.

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